धर्म की आड़ में अधर्म…

दिल्ली की महिला ने अयोध्या के कथावाचक पर लगाया दुष्कर्म का आरोप, FIR दर्ज

अयोध्या: राम नगरी में एक महंत के शिष्य पर दिल्ली की महिला ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म का आरोप लगाया है. थाना राम जन्मभूमि में दर्ज एफआईआर में पीड़िता ने भावनात्मक रुप से ब्लैकमेल करके अयोध्या बुलाने, दुष्कर्म करने और 8 लाख रुपए हड़पने की शिकायत की है. महिला का आरोप है कि बाद में उसे नदी में डुबोकर मारने की धमकी देकर उसे अयोध्या से भगा दिया गया था. अब मामला दर्ज होने के बाद उसे जान से मारने की धमकी मिल रही है.

दिल्ली की रहने वाली एक महिला ने यह आरोप अयोध्या के एक प्रमुख धार्मिक स्थल के महंत के शिष्य पर लगाया है. महंत का शिष्य गायन और कथा वाचन का कार्य करता है. महिला का आरोप है कि उसकी इस कथावाचक से दिल्ली में एक धार्मिक अनुष्ठान में मुलाकात हुई थी. वह कथावाचक की प्रशंसक बन गई. इसके बाद दोनों के बीच बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ और महंत ने उसे दिल्ली से अयोध्या दर्शन के लिए बुलाया. यहां उसने महिला को एक निजी होटल में रुकवाया. शाम को सफारी गाड़ी से कथावाचक महिला को अपने मंदिर में लेकर गया.

आरोप है कि मंदिर से सटे आवासीय परिसर में उसने महिला को लेकर जाकर प्रसाद के नाम पर कुछ पीने को दिया. प्रसाद ग्रहण करते ही महिला बेहोश हो गई. महिला का आरोप है कि बेहोशी की हालत में उसके साथ महंत के शिष्य ने दुष्कर्म किया. बाद में महिला ने इसका विरोध करना चाहा तो उसे भक्त बताया गया और कहा कि भक्त और भगवान के बीच प्रेम तो मीरा और कृष्ण जैसा होता है. बाद में शादी करने का झांसा देकर महिला को चुप करा दिया गया.

इसके बाद भी महिला लगातार महंत के शिष्य के संपर्क में रही और उसकी शान शौकत के लिए उसे खर्च भी देती रही. थाना राम जन्मभूमि में दर्ज एफआईआर में पीड़िता ने कहा है कि इस घटना के बाद वो गर्भवती हो गई. इसकी जानकारी होते ही आरोपी ने जबरन उसका गर्भपात करवा दिया.

कथावाचक ने भावनात्मक रुप से जुड़कर उसके 8 लाख रुपए खर्च करवा दिए. इसके बाद उसने महिला को शादी पक्की करने के नाम पर 45 हजार रुपए कीमत की सोने की चेन उपहार में दे दी. दोबारा जब वह अयोध्या पहुंची और शादी कब करने की बात पूछी तो महंत का शिष्य उसे नदी को किनारे ले गया और उसे नदी में डुबोकर जान से मारने की धमकी देकर भगा दिया.

पीड़िता ने बताया कि जब से इस मामले में एफआईआर दर्ज हुई है, तब से फोन करके उस पर मामला वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है. ऐसा न करने पर उसे जान से मारने की धमकी भी मिल रही है.

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